बलिया। उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देश एवं जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बलिया अनिल कुमार झा के आदेशानुसार गुरुवार को पंचायत भवन बहादुरपुर में असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के अधिकारों को लेकर विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बलिया के तत्वावधान में श्रम विभाग के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राधिकरण के सचिव चन्द्र प्रकाश तिवारी ने की। कार्यक्रम में उपस्थित श्रमिकों को उनके विधिक अधिकारों, श्रम कानूनों के तहत मिलने वाली सुविधाओं तथा शासन द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। सचिव चन्द्र प्रकाश तिवारी ने मातृत्व, शिशु एवं बालिका मदद योजना, संत रविदास शिक्षा प्रोत्साहन योजना, कन्या विवाह सहायता योजना, महात्मा गांधी पेंशन योजना, गंभीर बीमारी सहायता योजना, निर्माण कामगार मृत्यु व दिव्यांगता सहायता योजना, अटल आवासीय विद्यालय योजना तथा कौशल विकास, तकनीकी उन्नयन एवं प्रमाणन योजना के बारे में विस्तार से बताया।
उन्होंने श्रमिकों को जागरूक करते हुए कहा कि किसी भी प्रकार के शोषण, उत्पीड़न अथवा अधिकारों के हनन की स्थिति में संबंधित विभाग या जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से विधिक सहायता प्राप्त की जा सकती है। उन्होंने निःशुल्क विधिक सहायता एवं सलाह प्राप्त करने की प्रक्रिया की भी जानकारी दी। श्रम प्रवर्तन अधिकारी सहाराम ने श्रमिकों के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं और उनके लाभ लेने की प्रक्रिया के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी।
वहीं महिला कल्याण विभाग की ओर से अंजलि ने उपस्थित लोगों को बाल विवाह की रोकथाम को लेकर शपथ दिलाई। लोगों ने बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति को समाप्त करने, स्वयं बाल विवाह न करने तथा अपने आसपास बाल विवाह की जानकारी मिलने पर उसका विरोध करने और रोकथाम के लिए आवश्यक कदम उठाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के माध्यम से बाल विवाह के दुष्परिणामों के प्रति लोगों को जागरूक करते हुए बाल विवाह मुक्त समाज के निर्माण में सक्रिय सहभागिता का आह्वान किया गया। इस अवसर पर श्रम प्रवर्तन अधिकारी सहाराम, महिला कल्याण विभाग की अंजलि, ग्राम प्रधान ओम प्रकाश पासवान, नव भारतीय नारी विकास समिति की टीम, पैरालीगल वालेन्टियर्स रीता शर्मा, शिल्पी एवं मीरा देवी सहित कर्मचारी, श्रमिक और अन्य लोग उपस्थित रहे।



