बलिया। बांसडीह तहसील क्षेत्र के ग्राम चोकन और आसचौरा में मड़ुआ के आटे की रोटी खाने के बाद बड़ी संख्या में महिलाओं के बीमार होने का मामला सामने आया है। घटना के बाद प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। बीमार महिलाओं को तत्काल जिला चिकित्सालय समेत अन्य अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है। घटना की जानकारी मिलते ही जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र सिंह ने जिला चिकित्सालय पहुंचकर भर्ती मरीजों का हालचाल जाना और चिकित्सकों से उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। उन्होंने मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए। गंभीर मरीजों के उपचार के लिए विशेष चिकित्सकीय टीम भी लगाई गई है। इसके बाद जिलाधिकारी ज्ञानेन्द्र सिंह और पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह ने प्रभावित गांवों का दौरा कर घटना की जानकारी ली। अधिकारियों ने बीमार महिलाओं के परिजनों से बातचीत कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी प्राप्त की। परिजनों के अनुसार, दुकानदार सोनू वर्मा की दुकान से मड़ुआ का आटा खरीदा गया था। इसी आटे की रोटी बनाकर प्रसाद के रूप में ग्रहण किए जाने के बाद महिलाओं की तबीयत बिगड़ने की बात सामने आई है।
जिलाधिकारी ने बताया कि करीब 45 महिलाएं बीमार हुई हैं। इनमें तीन महिलाएं गंभीर स्थिति में हैं और उनके उपचार के लिए विशेष चिकित्सकीय टीम लगाई गई है। तीन मरीजों का निजी अस्पताल में भी उपचार चल रहा है। प्रशासन के अनुसार सभी मरीजों को आवश्यक चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
जिलाधिकारी ने शारदा हॉस्पिटल पहुंचकर वहां भर्ती तीन मरीजों के उपचार की स्थिति का भी जायजा लिया और चिकित्सकों से उनके स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी ली।
घटना के कारणों की जांच के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम सहित संबंधित अधिकारियों को मौके पर भेजा गया है। टीम द्वारा घटनास्थल का निरीक्षण कर मड़ुआ के आटे और खाद्य सामग्री की जांच की जा रही है। उन्होंने ने कहा है कि जांच में यदि किसी की लापरवाही या दोष सामने आता है तो संबंधित के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि सभी मरीजों के उपचार और स्वास्थ्य सुविधाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।



